गुवाहाटी: शुभमन गिल की रिकॉर्डतोड़ दोहरी शतकीय पारी और रोहित शर्मा के शानदार शतक की बदौलत भारत ने वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे वनडे में 8 विकेट से बड़ी जीत दर्ज की। वेस्टइंडीज ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 7 विकेट पर 405 रन बनाए थे। जवाब में भारतीय टीम ने महज 43.3 ओवर में 406 रन बनाकर मुकाबला अपने नाम कर लिया।
इस जीत के साथ भारत ने वनडे क्रिकेट में अपना सबसे बड़ा सफल रन चेज पूरा किया। साथ ही 400 या उससे अधिक रन के लक्ष्य का सफलतापूर्वक पीछा करने वाली टीमों की सूची में भारत भी शामिल हो गया।
गिल ने खेली 223 रन की नाबाद पारी
406 रन के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम को शुभमन गिल और रोहित शर्मा ने शानदार शुरुआत दी। दोनों ने पहले विकेट के लिए 255 रन की साझेदारी की और वेस्टइंडीज के गेंदबाजों पर शुरू से दबाव बनाए रखा।
कप्तान शुभमन गिल ने असाधारण बल्लेबाजी करते हुए 133 गेंदों पर नाबाद 223 रन बनाए। उनकी पारी में 26 चौके और 8 छक्के शामिल रहे। इस पारी के साथ गिल ने वनडे में सबसे तेज दोहरा शतक लगाने वाले बल्लेबाज का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।
रोहित शर्मा ने भी आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी की। उन्होंने 75 गेंदों में 10 चौकों और 6 छक्कों की मदद से 101 रन बनाए। दोनों सलामी बल्लेबाजों की बड़ी साझेदारी ने भारत को लक्ष्य के बेहद करीब पहुंचा दिया।
भारत ने अपना पुराना रन चेज रिकॉर्ड तोड़ा
इस मुकाबले से पहले वनडे क्रिकेट में भारत का सबसे बड़ा सफल रन चेज 360 से अधिक रन का था। भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2013 में बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी।
अब वेस्टइंडीज के खिलाफ 406 रन का लक्ष्य हासिल कर भारत ने अपना पिछला रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया। यह वनडे क्रिकेट में 400 से अधिक के लक्ष्य का सफल पीछा किए जाने का केवल दूसरा उदाहरण भी बना।
इससे पहले 2006 में दक्षिण अफ्रीका ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 438 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी।
कप्तान के तौर पर गिल का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर
223 रन की नाबाद पारी के साथ शुभमन गिल ने कप्तान के तौर पर वनडे में सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी खेलने का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।
इससे पहले यह रिकॉर्ड वीरेंद्र सहवाग के नाम था। सहवाग ने 2011 में इंदौर में वेस्टइंडीज के खिलाफ 219 रन की पारी खेली थी। गिल ने अब इस आंकड़े को पीछे छोड़ दिया है।
वेस्टइंडीज ने खड़ा किया था 405 रन का विशाल स्कोर
इससे पहले भारतीय कप्तान ने टॉस जीतकर वेस्टइंडीज को पहले बल्लेबाजी के लिए भेजा। कैरेबियाई बल्लेबाजों ने इस फैसले का फायदा उठाते हुए 50 ओवर में 7 विकेट पर 405 रन बना दिए।
वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने भारतीय गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा और स्कोर को 400 के पार पहुंचाया। पहली पारी खत्म होने के बाद भारत के सामने बेहद बड़ा लक्ष्य था।
हालांकि भारतीय बल्लेबाजों ने रन चेज की शुरुआत से ही मुकाबले का रुख बदल दिया। गिल और रोहित ने तेज रन बनाते हुए पहले विकेट के लिए विशाल साझेदारी की। इसके बाद भारत ने बिना किसी बड़े दबाव के लक्ष्य हासिल कर लिया।
गिल-रोहित की साझेदारी ने बदला मैच का रुख
भारत की जीत में सबसे अहम भूमिका गिल और रोहित की शुरुआती साझेदारी की रही। दोनों ने 158 गेंदों में 255 रन जोड़कर वेस्टइंडीज के गेंदबाजों को पूरी तरह दबाव में ला दिया।
रोहित के आउट होने के बाद भी गिल ने अपनी आक्रामक बल्लेबाजी जारी रखी और भारत को जीत तक पहुंचाकर नाबाद लौटे। 406 रन का लक्ष्य हासिल करना भारतीय वनडे क्रिकेट के इतिहास की यादगार रन चेज में शामिल हो गया।



















