• Home
  • Blog
  • Privacy Policy
  • About Us
Tuesday, September 29, 2026
Janveena Hindi News Portal
  • Home
  • प्रमुख समाचार
  • देश
  • राज्य
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • साहित्य
  • कला-संस्कृति
  • पर्यटन
  • धर्म-दर्शन/ज्योतिष
  • जनवीणा प्रकाशन
  • ई-पेपर
  • मनोरंजन
  • अन्य
    • कृषि एवं ग्रामीण विकास
    • खाना-खजाना
    • विचार वातायन
  • Home
  • प्रमुख समाचार
  • देश
  • राज्य
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • साहित्य
  • कला-संस्कृति
  • पर्यटन
  • धर्म-दर्शन/ज्योतिष
  • जनवीणा प्रकाशन
  • ई-पेपर
  • मनोरंजन
  • अन्य
    • कृषि एवं ग्रामीण विकास
    • खाना-खजाना
    • विचार वातायन
No Result
View All Result
Jan Veena
No Result
View All Result

ढाका यूनिवर्सिटी में जिन्ना की तस्वीरों पर बवाल, मुजीब की तस्वीरें हटाने को लेकर छात्रों का विरोध

JANVEENA by JANVEENA
September 16, 2026
in विदेश
0
ढाका यूनिवर्सिटी में जिन्ना की तस्वीरों पर बवाल, मुजीब की तस्वीरें हटाने को लेकर छात्रों का विरोध

बांग्लादेश की ढाका यूनिवर्सिटी में इतिहास और राजनीतिक विरासत से जुड़ा विवाद गहरा गया है। यूनिवर्सिटी के ढाका यूनिवर्सिटी सेंट्रल स्टूडेंट्स यूनियन (DUCSU) के ऐतिहासिक संग्रहालय को दोबारा खोले जाने के बाद वहां पाकिस्तान के संस्थापक मोहम्मद अली जिन्ना से जुड़ी तीन तस्वीरें प्रदर्शित की गईं। वहीं, पहले प्रदर्शित शेख मुजीबुर्रहमान की कई प्रमुख तस्वीरें नए संग्रह में दिखाई नहीं दीं। इसके बाद छात्रों और विभिन्न छात्र संगठनों ने विरोध शुरू कर दिया।

संग्रहालय में क्या बदला गया?

रिनोवेशन के बाद दोबारा खोले गए DUCSU संग्रहालय में बांग्लादेश के इतिहास से जुड़े कई पुराने फोटो और दस्तावेजों के साथ बदलाव किए गए। रिपोर्टों के अनुसार, शेख मुजीबुर्रहमान की स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ी प्रमुख तस्वीरें अब प्रमुखता से प्रदर्शित नहीं हैं।

READ ALSO

‘क्या चीन अमेरिकी हथियार खरीदेगा?’ ट्रंप-जिनपिंग बातचीत पर US राजदूत के दावे से मचा बवाल

ट्रंप-जिनपिंग मुलाकात के बाद US-चीन की नई ट्रेड डील, भारत के लिए क्या बदलेगा?

इनमें 1952 का भाषा आंदोलन, 1954 का यूनाइटेड फ्रंट चुनाव, 1966 का छह सूत्री आंदोलन, 1968 का अगरतला षड्यंत्र मामला, 1969 का जन आंदोलन और 1970 के आम चुनाव से संबंधित तस्वीरें शामिल थीं। संग्रहालय में 1974 में मुजीब के बेटों की शादी की तस्वीरें और कुछ अखबारी कतरनें मौजूद होने की जानकारी सामने आई है।

इसके साथ ही मोहम्मद अली जिन्ना से जुड़ी तीन तस्वीरें लगाई गईं। इनमें 21 मार्च 1948 को ढाका के तत्कालीन रेसकोर्स मैदान में दिए गए उनके भाषण की तस्वीर, 1940 के लाहौर मुस्लिम लीग सम्मेलन का फोटो और 1970 के चुनाव से संबंधित अखबार की एक कतरन शामिल थी।

जिन्ना की तस्वीरों पर छात्रों का विरोध

तस्वीरें लगाए जाने के बाद यूनिवर्सिटी परिसर में विरोध शुरू हो गया। 14 सितंबर को एक छात्र ने संग्रहालय में प्रदर्शित जिन्ना की तस्वीरों को फ्रेम से निकालकर फाड़ दिया। इसके बाद छात्र संगठनों ने भी विरोध दर्ज कराया।

बांग्लादेश छात्र फेडरेशन की यूनिवर्सिटी इकाई के कार्यकर्ताओं ने विरोध में जमात-ए-इस्लामी के पूर्व नेता गुलाम आजम की जूते से पिटाई वाली तस्वीर भी संग्रहालय में लगा दी। संगठन के प्रतिनिधियों ने कहा कि संग्रहालय को किसी एक पक्ष के नजरिए से इतिहास प्रस्तुत करने का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए।

15 सितंबर को विरोध और आगे बढ़ गया। कुछ छात्रों ने DUCSU भवन और संग्रहालय के प्रवेश द्वार पर जिन्ना और गुलाम आजम की तस्वीरें जमीन पर रखकर उन्हें पैरों से रौंदते हुए प्रदर्शन किया।

DUCSU की ओर से क्या सफाई दी गई?

DUCSU की मुक्ति युद्ध और लोकतांत्रिक आंदोलन मामलों की सचिव फातिमा तस्नीम जुमा ने कहा कि संग्रहालय में किए गए बदलावों का उद्देश्य इतिहास के अलग-अलग पहलुओं को सामने रखना है। उनके अनुसार, 5 अगस्त 2024 के बाद कुछ ऐसी तस्वीरें हटाई गईं जिन्हें वे राजनीतिक संदर्भ में विवादित मानती हैं।

जिन्ना की तस्वीरों को लेकर उनका कहना था कि इन्हें सम्मान के तौर पर नहीं बल्कि ऐतिहासिक संदर्भ में प्रदर्शित किया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि संग्रहालय में मुजीबुर्रहमान से जुड़े कुछ ऐतिहासिक संदर्भों को दूसरे रूप में शामिल किया गया है। हालांकि, संग्रहालय के निरीक्षण को लेकर प्रकाशित रिपोर्टों में उनकी प्रमुख तस्वीरों की अनुपस्थिति दर्ज की गई है।

यूनिवर्सिटी प्रशासन ने जांच के आदेश दिए

विवाद बढ़ने के बाद ढाका यूनिवर्सिटी प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। प्रशासन की ओर से कहा गया कि संग्रहालय में जिन्ना और अब्दुल मलिक से जुड़ी तस्वीरों का प्रदर्शन भाषा आंदोलन और बांग्लादेश के स्वतंत्रता संघर्ष के इतिहास के संदर्भ में विवाद पैदा करता है।

प्रशासन ने हाल की घटनाओं की जांच के लिए तीन समितियां गठित की हैं। विश्वविद्यालय परिसर में बिना अनुमति किए गए बदलाव और गतिविधियों को लेकर भी कार्रवाई की बात कही गई है।

इतिहास और राजनीतिक विरासत को लेकर बढ़ी बहस

DUCSU संग्रहालय का विवाद सिर्फ तस्वीरों तक सीमित नहीं रहा है। इसमें बांग्लादेश के स्वतंत्रता संग्राम, भाषा आंदोलन और 1971 के इतिहास को किस तरह प्रदर्शित किया जाए, इस पर भी बहस तेज हो गई है।

एक तरफ DUCSU से जुड़े लोगों का कहना है कि संग्रहालय में ऐतिहासिक घटनाओं के अलग-अलग पक्षों को शामिल किया जाना चाहिए, वहीं विरोध करने वाले छात्र संगठनों का आरोप है कि प्रमुख ऐतिहासिक हस्तियों और घटनाओं को हटाने से इतिहास की प्रस्तुति प्रभावित हो रही है। ढाका यूनिवर्सिटी के एक शिक्षक नेटवर्क ने भी संग्रहालय में किए गए बदलावों और तस्वीरें हटाए जाने पर आपत्ति जताई है।

फिलहाल विश्वविद्यालय की जांच समितियां मामले से जुड़े घटनाक्रम और संग्रहालय में किए गए बदलावों की समीक्षा कर रही हैं। इस बीच जिन्ना की तस्वीरों को लेकर छात्रों का विरोध भी जारी है।

Previous Post

10 मिनट की लिंफैटिक वॉक से सूजन और ब्लोटिंग में कितनी राहत? जानें कितना असरदार है यह तरीका

Next Post

Ganeshotsav में महाराष्ट्र जाएं तो जरूर करें अष्टविनायक के 8 मंदिरों के दर्शन

Related Posts

‘क्या चीन अमेरिकी हथियार खरीदेगा?’ ट्रंप-जिनपिंग बातचीत पर US राजदूत के दावे से मचा बवाल
विदेश

‘क्या चीन अमेरिकी हथियार खरीदेगा?’ ट्रंप-जिनपिंग बातचीत पर US राजदूत के दावे से मचा बवाल

September 29, 2026
ट्रंप-जिनपिंग मुलाकात के बाद US-चीन की नई ट्रेड डील, भारत के लिए क्या बदलेगा?
विदेश

ट्रंप-जिनपिंग मुलाकात के बाद US-चीन की नई ट्रेड डील, भारत के लिए क्या बदलेगा?

September 29, 2026
ईरान का दावा- होर्मुज में अमेरिकी अंडरवाटर ड्रोन पकड़ा, अमेरिका ने किया खारिज
विदेश

ईरान का दावा- होर्मुज में अमेरिकी अंडरवाटर ड्रोन पकड़ा, अमेरिका ने किया खारिज

September 28, 2026
अफगान महिला पत्रकार के सवाल पर ख्वाजा आसिफ का इशारा, वीडियो वायरल होने के बाद घिरे
विदेश

अफगान महिला पत्रकार के सवाल पर ख्वाजा आसिफ का इशारा, वीडियो वायरल होने के बाद घिरे

September 28, 2026
‘जिनपिंग-ट्रंप की नजदीकी से जलन नहीं’, पुतिन ने यूक्रेन युद्ध और शांति वार्ता पर भी दिया बड़ा बयान
विदेश

‘जिनपिंग-ट्रंप की नजदीकी से जलन नहीं’, पुतिन ने यूक्रेन युद्ध और शांति वार्ता पर भी दिया बड़ा बयान

September 26, 2026
ईरान की मदद पर ट्रंप की शी जिनपिंग को दो टूक चेतावनी, बोले- किसी भी तरह का समर्थन स्वीकार्य नहीं
विदेश

ईरान की मदद पर ट्रंप की शी जिनपिंग को दो टूक चेतावनी, बोले- किसी भी तरह का समर्थन स्वीकार्य नहीं

September 26, 2026
Next Post
Ganeshotsav में महाराष्ट्र जाएं तो जरूर करें अष्टविनायक के 8 मंदिरों के दर्शन

Ganeshotsav में महाराष्ट्र जाएं तो जरूर करें अष्टविनायक के 8 मंदिरों के दर्शन

7-8 घंटे की नींद के बाद भी रहती है थकान? जबड़े की बनावट हो सकती है एक वजह

7-8 घंटे की नींद के बाद भी रहती है थकान? जबड़े की बनावट हो सकती है एक वजह

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement

Advertisement

Advertisement

POPULAR NEWS

विधानसभा में डा. नीरज बोरा ने उठाया मुद्दा : जानकीपुरम की जलभराव समस्या का हो स्थायी निदान, फैजुल्लागंज के चारों वार्डों में पेयजल आपूर्ति हो सुनिश्चित

विधानसभा में डा. नीरज बोरा ने उठाया मुद्दा : जानकीपुरम की जलभराव समस्या का हो स्थायी निदान, फैजुल्लागंज के चारों वार्डों में पेयजल आपूर्ति हो सुनिश्चित

August 1, 2024
निष्पक्ष जांच कराकर परिजनों को दिलायेंगे न्याय : डा. नीरज बोरा | मृतक अमन गौतम के परिजनों से मिले भाजपा विधायक

निष्पक्ष जांच कराकर परिजनों को दिलायेंगे न्याय : डा. नीरज बोरा | मृतक अमन गौतम के परिजनों से मिले भाजपा विधायक

October 13, 2024
राजधानी लखनऊ में धूमधाम से मनी मणिकुण्डल जयंती

राजधानी लखनऊ में धूमधाम से मनी मणिकुण्डल जयंती

January 13, 2025
डेंगू से हुई मौतें अफसोसजनक, युद्धस्तर पर हो एंटीलार्वा का छिड़काव : डा. नीरज बोरा

डेंगू से हुई मौतें अफसोसजनक, युद्धस्तर पर हो एंटीलार्वा का छिड़काव : डा. नीरज बोरा

September 27, 2024
बाराबंकी की राजनीति : वर्चस्व, चुनौती और बदलते समीकरणों की कहानी

बाराबंकी की राजनीति : वर्चस्व, चुनौती और बदलते समीकरणों की कहानी

May 9, 2026

Advertisement

E-Paper

जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 28 अप्रैल, 2024

जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 28 सितम्बर 2023

September 28, 2023
जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 28 अप्रैल, 2024

जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 14 जनवरी, 2024

January 14, 2024
जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 28 अप्रैल, 2024

जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 28 जून, 2023

June 28, 2023
जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 28 अप्रैल, 2024

जनवीणा (हिन्दी साप्ताहिक) 14 जुलाई, 2023

July 14, 2023

About Us

जन वीणा एक विश्वसनीय समाचार वेबसाइट है जो नवीनतम खबरों, घटनाओं और विश्लेषण को निष्पक्षता के साथ पेश करती है। हमारी अनुभवी टीम आपको राजनीति, व्यवसाय, खेल, मनोरंजन, विज्ञान, और अन्य विषयों पर सटीक खबरें प्रदान करती है।
Contact No.-9335654453 

E-Mail Id-janveenanews@gmail.com

Categories

  • Auto
  • ई-पेपर
  • कला-संस्कृति
  • कृषि एवं ग्रामीण विकास
  • खेल
  • जनवीणा प्रकाशन
  • देश
  • धर्म-दर्शन/ज्योतिष
  • पर्यटन
  • प्रमुख समाचार
  • मनोरंजन
  • राज्य
  • विचार वातायन
  • विदेश
  • साहित्य
  • स्वास्थ्य

Follow us

No Result
View All Result
  • Home
  • प्रमुख समाचार
  • देश
  • राज्य
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • साहित्य
  • कला-संस्कृति
  • पर्यटन
  • धर्म-दर्शन/ज्योतिष
  • जनवीणा प्रकाशन
  • ई-पेपर
  • मनोरंजन
  • अन्य
    • कृषि एवं ग्रामीण विकास
    • खाना-खजाना
    • विचार वातायन

©Copyright 2024, All Rights Reserved For JanVeena by RA.Tech (7985291626)