पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में चल रहे आंदोलन के बीच अवामी एक्शन कमेटी (AAC) ने मुजफ्फराबाद की ओर बड़े मार्च का ऐलान किया है। संगठन का कहना है कि विभिन्न इलाकों से लोग राजधानी की ओर कूच करेंगे, क्योंकि उनकी मांगों पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
अवामी एक्शन कमेटी के नेताओं के अनुसार, पहले आंदोलन को लेकर सरकार के साथ कई दौर की बातचीत हुई थी और प्रशासन को मांगों पर फैसला लेने के लिए समय भी दिया गया था। उनका आरोप है कि तय समयसीमा समाप्त होने के बाद भी न तो उनकी प्रमुख मांगों पर सहमति बनी और न ही आंदोलन से जुड़े कुछ विवादित प्रशासनिक फैसलों को वापस लिया गया। इसी वजह से आंदोलन को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया गया है।
संगठन के नेताओं ने बताया कि विभिन्न क्षेत्रों से प्रदर्शनकारियों के काफिले निर्धारित स्थानों पर एकत्रित होने लगे हैं। इसके बाद सभी समूह राजधानी मुजफ्फराबाद की ओर शांतिपूर्ण मार्च करेंगे। आयोजकों का दावा है कि बड़ी संख्या में लोग इस अभियान में शामिल हो रहे हैं।
आंदोलन के दौरान नेताओं ने कहा कि अब उनका मुख्य फोकस दो प्रमुख मांगों पर है। पहली, स्थानीय प्रशासन और शासन में क्षेत्र के लोगों की भूमिका बढ़ाई जाए, और दूसरी, क्षेत्रीय मामलों में बाहरी हस्तक्षेप कम किया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय से स्थानीय जनता की मांगों की अनदेखी की जा रही है।
आंदोलन के दौरान कुछ नेताओं ने पाकिस्तान सरकार और सुरक्षा व्यवस्था की आलोचना भी की। उनका कहना है कि कई दौर की बातचीत के बावजूद कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया, इसलिए अब वे जन आंदोलन के जरिए अपनी मांगों को आगे बढ़ाएंगे।
रिपोर्टों के अनुसार, मुजफ्फराबाद मार्च से पहले विभिन्न इलाकों में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हो रहे हैं। साथ ही कुछ स्थानों पर राजनीतिक पोस्टर हटाने और विरोध प्रदर्शन की घटनाएं भी सामने आई हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में PoK की स्थिति और आंदोलन की दिशा पर सभी की नजर बनी हुई है।



















