रात में 7 से 9 घंटे की नींद लेने के बावजूद अगर सुबह उठते ही थकान, कमजोरी या सुस्ती महसूस होती है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। कई बार शरीर में जरूरी पोषक तत्वों की कमी इसकी वजह बन सकती है। खासतौर पर आयरन और विटामिन बी12 की कमी से शरीर में ऊर्जा की कमी महसूस हो सकती है। हालांकि, लगातार थकान के पीछे नींद की गुणवत्ता खराब होना, तनाव, थायरॉइड की समस्या या अन्य स्वास्थ्य कारण भी हो सकते हैं।
आयरन की कमी से हो सकती है कमजोरी
आयरन शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने के लिए जरूरी पोषक तत्व है। हीमोग्लोबिन खून के जरिए शरीर के विभिन्न अंगों तक ऑक्सीजन पहुंचाने में मदद करता है। जब शरीर में आयरन की कमी हो जाती है, तो हीमोग्लोबिन का स्तर भी प्रभावित हो सकता है। ऐसी स्थिति में थकान, कमजोरी, चक्कर आना, सिरदर्द और थोड़ा काम करने पर सांस फूलने जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। कुछ लोगों में त्वचा का पीला पड़ना और बाल झड़ने की समस्या भी हो सकती है।
महिलाओं में पीरियड्स के दौरान अधिक रक्तस्राव, भोजन में आयरन की कमी या शरीर में आयरन के अवशोषण से जुड़ी समस्याएं इसकी वजह बन सकती हैं। आयरन की पूर्ति के लिए डाइट में हरी पत्तेदार सब्जियां, दालें, चना और अन्य आयरन युक्त खाद्य पदार्थ शामिल किए जा सकते हैं। आयरन की कमी की पुष्टि होने पर डॉक्टर की सलाह से उपचार कराना जरूरी है।
विटामिन बी12 की कमी भी हो सकती है कारण
विटामिन बी12 लाल रक्त कोशिकाओं के निर्माण और नसों के सामान्य कामकाज के लिए महत्वपूर्ण है। इसकी कमी होने पर लगातार थकान, कमजोरी और ऊर्जा की कमी महसूस हो सकती है। कुछ लोगों को हाथ-पैरों में झनझनाहट, चक्कर, ध्यान लगाने में परेशानी या जीभ में दर्द जैसे लक्षण भी हो सकते हैं।
विटामिन बी12 मुख्य रूप से दूध, दही, पनीर, अंडे, मछली और मांस जैसे खाद्य पदार्थों में मिलता है। हालांकि, संतुलित भोजन लेने के बावजूद कुछ लोगों के शरीर में इस विटामिन का अवशोषण ठीक से नहीं हो पाता। इसलिए लगातार थकान या नसों से जुड़े लक्षण होने पर जांच और चिकित्सकीय सलाह लेना उचित है।
सुबह की थकान दूर करने के लिए क्या करें?
सुबह उठने के बाद भी सुस्ती बनी रहती है, तो अपनी दिनचर्या और खानपान पर ध्यान देना जरूरी है। इसके लिए कुछ आदतें मददगार हो सकती हैं:
- संतुलित आहार लें: भोजन में दालें, हरी सब्जियां, फल, दूध-दही और प्रोटीन से भरपूर खाद्य पदार्थ शामिल करें।
- पर्याप्त पानी पिएं: दिनभर शरीर में पानी की कमी न होने दें।
- नियमित समय पर सोएं: रोज लगभग एक ही समय पर सोने और जागने की आदत बनाएं।
- सोने से पहले मोबाइल का इस्तेमाल कम करें: इससे नींद की गुणवत्ता बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।
- नियमित शारीरिक गतिविधि करें: अपनी क्षमता के अनुसार रोजाना टहलना या हल्का व्यायाम करना फायदेमंद हो सकता है।
कब डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है?
ध्यान रखें कि सुबह उठने पर थकान महसूस होने का मतलब हमेशा आयरन या विटामिन बी12 की कमी होना नहीं है। थायरॉइड की समस्या, एनीमिया, तनाव, नींद की खराब गुणवत्ता और सोते समय सांस रुकने जैसी स्थितियां भी इसकी वजह बन सकती हैं।
अगर पर्याप्त नींद लेने के बाद भी कई हफ्तों तक थकान बनी रहती है या रोजमर्रा के काम प्रभावित होने लगते हैं, तो डॉक्टर से संपर्क करें। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर खून की जांच सहित अन्य परीक्षण कराने की सलाह दे सकते हैं। बिना जांच के आयरन या विटामिन की सप्लीमेंट लेना उचित नहीं है, क्योंकि सही कारण का पता लगाकर ही प्रभावी उपचार किया जा सकता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य स्वास्थ्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। लगातार थकान होने पर स्वयं निदान या इलाज करने के बजाय योग्य चिकित्सक से सलाह लें।



















